झांसी की सब्जी मंडी में पेट्रोल डालकर आग लगाने का आरोप, 40 दुकानें जलकर खाक; CCTV में संदिग्ध कैद

(आशिफ खान संवाददाता झांसी)

झांसी। सीपरी बाजार स्थित पुरानी सब्जी मंडी में बुधवार तड़के आगजनी की घटना से अफरा-तफरी मच गई। आरोप है कि सुबह करीब पांच बजे एक अज्ञात युवक मंडी में पहुंचा और दुकानों पर पेट्रोल छिड़ककर आग लगा दी। देखते ही देखते आग ने विकराल रूप धारण कर लिया और करीब 40 दुकानें आग की चपेट में आ गईं। आग में दुकानों में रखा सब्जी समेत अन्य सामान जलकर राख हो गया। दुकानदारों ने करीब 45 लाख रुपये के नुकसान का दावा किया है।

पेट्रोल डालकर आग लगाने का आरोप

दुकानदारों के मुताबिक घटना तड़के करीब पांच बजे हुई। उनका आरोप है कि एक युवक हाथ में पेट्रोल से भरी बोतल लेकर मंडी में पहुंचा और दुकानों पर पेट्रोल छिड़कने के बाद आग लगा दी। आग लगने के बाद वह मौके से भाग निकला। आग तेजी से फैलने के कारण कई दुकानें इसकी चपेट में आ गईं।

घटना के बाद मंडी में मौजूद दुकानदारों और स्थानीय लोगों में हड़कंप मच गया।

सूचना मिलने पर पुलिस मौके पर पहुंची और घटनास्थल का निरीक्षण किया।

मल्टी कॉम्प्लेक्स प्रस्ताव को लेकर दुकानदारों ने जताई आशंका

आगजनी की घटना के बाद दुकानदारों ने मंडी की जमीन को लेकर साजिश की आशंका जताई है। उनका आरोप है कि मंडी की जमीन पर भू-माफियाओं की नजर है और दुकानदारों को हटाने के उद्देश्य से आगजनी कराई गई हो सकती है।

दुकानदारों के अनुसार करीब तीन माह पहले नगर निगम की ओर से मंडी की दुकानों को हटाकर यहां मल्टी कॉम्प्लेक्स बनाए जाने का प्रस्ताव रखा गया था। दुकानदारों ने इस प्रस्ताव का विरोध किया था। फिलहाल इस मामले में कार्रवाई रुकी हुई बताई जा रही है। दुकानदारों ने इसी विवाद के चलते आगजनी की आशंका जताते हुए पुलिस से पूरे मामले की निष्पक्ष जांच की मांग की है।

CCTV फुटेज में संदिग्ध युवक कैद

पुलिस जांच में मंडी के प्रवेश द्वार पर लगे CCTV कैमरों की फुटेज भी सामने आई है। इसमें तड़के एक युवक हाथ में बोतल लेकर मंडी की ओर जाता और कथित तौर पर आग लगाने के बाद तेजी से वहां से निकलता दिखाई देने की बात कही जा रही है।

पुलिस ने CCTV फुटेज को कब्जे में लेकर संदिग्ध युवक की पहचान के प्रयास शुरू कर दिए हैं। पुलिस का कहना है कि घटना से जुड़े सभी पहलुओं की जांच की जा रही है। आरोपी की पहचान और गिरफ्तारी के बाद ही आगजनी के पीछे की वास्तविक वजह स्पष्ट हो सकेगी।

अस्वीकरण: आगजनी के पीछे भू-माफिया की साजिश होने का आरोप दुकानदारों की ओर से लगाया गया है। इसकी स्वतंत्र पुष्टि जांच पूरी होने के बाद ही हो सकेगी।